सतना। नागौद के पूर्व राजघराने की परसमनिया गढ़ी में हुए चर्चित गोलीकांड मामले में पुलिस ने एक और प्रकरण दर्ज किया है। पहले गढ़ी में रह रही सुनीता सिंह के खिलाफ फायरिंग का मामला दर्ज किया गया था, वहीं अब रूपेंद्र सिंह की शिकायत पर उनके साले नागेंद्र सिंह राठौड़ एवं दो अन्य लोगों के खिलाफ मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस के अनुसार घटना के दौरान हुए विवाद के कुछ वीडियो भी सामने आए हैं। वीडियो में रूपेंद्र सिंह और उनके परिजनों के बीच तीखी बहस एवं हाथापाई होती दिखाई दे रही है। इसी दौरान फायरिंग की आवाजें भी सुनाई देती हैं और गोलियां दीवार से टकराती नजर आती हैं। एक अन्य वीडियो में गढ़ी से लगे पेट्रोल पंप पर तोड़फोड़ के बाद का दृश्य दिखाई दे रहा है।
सिर, कान और कंधे में आई चोटें
एसडीओपी रघु केशरी ने बताया कि मारपीट में रूपेंद्र सिंह के सिर, कान और कंधे पर चोटें आई हैं। उनका मेडिकल परीक्षण कराया गया है। चिकित्सकों ने कुछ चोटों को गंभीर मानते हुए जिला अस्पताल में विशेषज्ञ जांच और एक्स-रे कराने की सलाह दी है।
रूपेंद्र सिंह ने पुलिस को दिए बयान में दावा किया है कि उन पर जानलेवा हमला किया गया था। उनके अनुसार हमले से बचाने के प्रयास में सुनीता सिंह द्वारा फायरिंग की गई, जिसकी एक गोली उनकी पत्नी योगिता सिंह को लग गई।
योगिता के भाई पर दर्ज हुई एफआईआर
उचेहरा पुलिस ने रूपेंद्र सिंह की शिकायत पर योगिता सिंह के भाई नागेंद्र सिंह राठौड़ और उनके दो साथियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। आरोपियों पर अश्लील गाली-गलौज, चोट पहुंचाने, गंभीर आपराधिक धमकी देने और समान उद्देश्य से अपराध करने के आरोप लगाए गए हैं।
क्या है पूरा विवाद
पुलिस के अनुसार 11 जून को योगिता सिंह अपने बेटे, मां, भाई और अन्य परिजनों के साथ परसमनिया गढ़ी पहुंची थीं। उस समय गढ़ी में रूपेंद्र सिंह के साथ सुनीता सिंह मौजूद थीं। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया। आरोप है कि योगिता पक्ष के लोगों ने सुनीता को गढ़ी से बाहर निकालने का प्रयास किया, जिसके बाद कहासुनी मारपीट में बदल गई।
पुलिस का कहना है कि विवाद बढ़ने पर सुनीता सिंह ने खुद को एक कमरे में बंद कर लिया और खिड़की से कई राउंड फायर किए। इसी दौरान चली एक गोली योगिता सिंह के पेट में लग गई। गंभीर रूप से घायल योगिता को पहले सतना और बाद में रीवा रेफर किया गया। फिलहाल उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। आरोपी सुनीता सिंह को पुलिस गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश कर चुकी है।
वैवाहिक अधिकारों की पुनर्स्थापना का मामला भी अदालत में
इस बीच रूपेंद्र सिंह ने दावा किया है कि उन्होंने वैवाहिक संबंधों को बचाने के उद्देश्य से हिंदू विवाह अधिनियम की धारा 9 के तहत वैवाहिक अधिकारों की पुनर्स्थापना के लिए न्यायालय में मामला दायर किया था। उनका कहना है कि योगिता सिंह को कई बार नोटिस भेजे गए, लेकिन उन्होंने न्यायालय में उपस्थित होकर जवाब नहीं दिया। रूपेंद्र का आरोप है कि लंबे समय से दोनों के वैवाहिक संबंधों में तनाव बना हुआ था और संपत्ति को लेकर भी विवाद चल रहा था।
पुलिस मामले की जांच कर रही है और गोलीकांड से जुड़े सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।





